Generic selectors
Exact matches only
Search in title
Search in content
Search in posts
Search in pages
Home / Hindi Poem Kavita Poetry / 3 Poem On Father in Hindi पिता पर हिंदी भाषा में कविता || language font pita papa dad

3 Poem On Father in Hindi पिता पर हिंदी भाषा में कविता || language font pita papa dad

Poem On Father in Hindi language font. | पोएम ऑन फादर इन हिंदी लैंग्वेज पिता – Poem On Father in Hindi language font | पोएम ऑन फादर इन हिंदी लैंग्वेज पिता – Poem On Father in Hindi language font | पोएम ऑन फादर इन हिंदी लैंग्वेज पिता – Poem On Father in Hindi language font | पोएम ऑन फादर इन हिंदी लैंग्वेज पिता – Poem On Father in Hindi language font | पोएम ऑन फादर इन हिंदी लैंग्वेज पिता
Poem On Father in Hindi Language - पिता पर कविता

 

  • Poem On Father in Hindi  Language – पिता पर कविता

 

  • जीवन मिला जिनसे, वो जीवनदाता हैं पिता !!
    पुकारा जाए चाहे जिस भी भाषा में कहकर पापा, बाबा, बाबूजी हर बोली में
    इनके लिए है वही प्यार और सम्मान भरा।।
    थामे जिनकी उंगली बचपन चला
    जिनकी मजबूत कांधों पर बैठकर दुनिया देखी।।
    गोद पर बैठे किए नखरें ढ़ेर जिनके
    जिन्होने अपने स्नेह से हमें बडा किया
    वो हैं पिता..
    छोटी से छोटी जीत पर भी जिनसे शाबाशी मिली
    हर हार को जिन्होने सीख बताया निराशा को दुर भगाया
    जीवन की सच्चाई से हमें रुबरू कराया
    सही और गलत में अन्तंर समझाया
    जिन्होने अपने बच्चों के सुख में ही अपना सुख पाया,
    बच्चों के लिए, हर परेशानी हँसकर उठाया
    जिनका पूरा संसार उनके बच्चों में ही है समाया वो हैं पिता
    कभी कड़क हो जाते हैं तो कभी नरम बड़े
    लगाते हैं पाबंदियाँ तो कभी देते हैं छूट पूरी
    कभी हँसाते हैं तो कभी रुलाते हैं
    कभी माँ की डाँट-मार से बचाते हैं तो कभी खुद ही चपत लगा देते हैं
    प्यार से थपकी देकर सुलाते हैं तो
    कभी खाना बनाकर अपने हाथों से खिलाते हैं
    जरुरत हो तो माँ के भी सारे कतव्य निभातें हैं
    दिन-रात मेहनत कर अपने बच्चों के भविष्य को सँवारते हैं
    हर दिन हर पल उनके उज्जवल भविष्य के ही सपने बुनते जाते हैं
    अपनी हर साँस को पिता अपने बच्चों पर लुटातें हैं
    कभी कठोर होकर तो कभी मोम की भांति पिघल जाते हैं पिता 
    अपनी भूमिका कई रूप में निभातें हैं
    धूप गर जलाए छाँव बन जातें हैं
    वहीं समय आनेपर उसी धूप में तपाकर जीना सिखातें हैं
    बातें जिनकी हमेशा माग्रदशन कराती है
    कठिनाईयों से लड़ते हुए विपरीत परिस्थिति में भी अपने सिद्धांतों पर चलना सिखाते हैं
    साथ में हों या याद में इनकी उपस्थिति हमेशा मन को सूकून पहुँचाती है
    पिता हैं वो जिनसे बच्चों की दुनिया जगमगाती है
    जिनकी बातें हमेशा हमारा मार्गदर्शन करती हैं, ऐसे होते हैं पिता
    कठिनाइयों में हमेशा लड़ने का हौसला देते जाते हैं पिता
    विपरीत परिस्थिति में भी सिद्धांतों पर चलना सिखाते हैं पिता
    यादें जिनकी हमेशा सुकून पहुँचाती है, ऐसे होते हैं पिता
    जिनकी वजह से हर बच्चे की दुनिया जगमगाती है, ऐसे होते हैं पिता – ज्योति सिंहदेव

 

  • कोई तुमसा नहीं –

    Poem on Father in Hindi font

    तुमसा मुझे जहाँ में ……..कोई नहीं दिखता
    हर ख्वाहिश कर दी पूरी कारवा नहीं रुकता !
    करने को पूरे मेरे सपने तुम रात भर जगे
    हम सोये गहरी नींद में तुम सोचते रहे ।
    उँगली पकड़कर सिर्फ चलना ही नहीं सिखाया
    दे हथियार शिक्षा का मेरे विश्वास को बढ़ाया ।
    देख देख कर हमको हर पल तुम जिये
    करने को हमें काबिल क्या दर्द न सहे ।
    बचपन का दुलार दे हमको शिक्षा का उपहार
    विवाह की सौगात और विदाई पर आंसूओं को पी गए ।
    पूँछना हाल चाल जैसे तुम्हारी आदत बन गया है
    आज हैं हम जो भी तुम्हारा कर्ज चढ़ गया है
    पापा आपको सत सत नमन सत सत प्रणाम ।
    राशि सिंह
    मुरादाबाद उत्तर प्रदेश
    (मौलिक )

 

  • पिता – Poem on Father in Hindi language

    पिता जीवन है, संबल है, शक्ति है
    पिता सृष्टि के निर्माण की अभिव्यक्ति है

    पिता उंगली पकड़े बच्चे का सहारा है
    पिता कभी कुछ खट्टा, कभी खारा है

    पिता पालन है, पोषण है, पारिवारि का अनुशासन है
    पिता धौंस से चलने वाला प्रेम का प्रशासन है

    पिता रोटी है, कपड़ा है, मकान है
    पिता छोटे से परिंदे का बड़ा आसमान है

    पिता अपदर्शित अनन्त प्यार है
    पिता है तो बच्चों को इंतजार है

    पिता से ही बच्चों के ढेर सारे सपने हैं
    पिता है तो बाज़ार के सब खिलौने अपने हैं

    पिता से परिवार में प्रतिपल राग है
    पिता से ही माँ का बिंदी और सुहाग है

    पिता परमात्मा की जगत के प्रति आसक्ति है
    पिता गृहस्थ आश्रम में उच्च स्थिति की भक्ति है

    पिता अपनी इच्छाओं का हनन और परिवार की पूर्ति है
    पिता रक्त में दिये हुए संस्कारों की मूर्ति है

    पिता एक जीवन को जीवन का दान है
    पिता दुनिया दिखाने का अहसान है

    पिता सुरक्षा है, सिर पर हाथ है
    पिता नहीं तो बचपन अनाथ है

    तो पिता से बड़ा तुम अपना नाम करो
    पिता का अपमान नहीं, उन पर अभिमान करो

    क्योंकि मां­बाप की कमी कोई पाट नहीं सकता
    और ईश्वर भी इनके आशीशों को काट नहीं सकता

    विश्व में किसी भी देवता का स्थान दूजा है
    मां­बाप की सेवा ही सबसे बड़ी पूजा है

    विश्व में किसी भी तीर्थ की यात्राएं व्यर्थ हैं
    यदि बेटे के होते मां­बाप असमर्थ हैं

    वो खुशनसीब हैं मां­बाप जिनके साथ होते हैं
    क्योंकि मा­बाप की आशीशों के हजारो हाथ होते हैं

    ~ ओम व्यास ओम

  • 16 हसबैंड वाइफ कोट्स इन हिंदी Husband Wife Quotes in Hindi लैंग्वेज thoughts
  • Poem on Father in Hindi language

 

Related Posts

About Abhi SuvicharHindi.Com

Hi, friends, SuvicharHindi.Com की कोशिश है कि हिंदी पाठकों को उनकी पसंद की हर जानकारी SuvicharHindi.Com में मिले. SuvicharHindi.com में आपको Hindi shayari, Hindi Ghazal, Long & Short Hindi Slogans, Hindi Posters, Hindi Quotes with images wallpapers || Hindi Thoughts || Hindi Suvichar, Hindi & English Status, Hindi MSG Messages 140 words text, Hindi wishes, Best Hindi Tips & Tricks, Hindi Dadi maa ke Gharelu Nuskhe, Hindi Biography jeevan parichay jivani, Cute Hindi Poems poetry || Awesome Kavita, Hindi essay nibandh, Hindi Geet Lyrics, Hindi 2 sad / happy / romantic / liners / boyfriend / girlfriend gf / bf for facebook ( fb ) & whatsapp, useful 1 one line rs मिलेंगे. हमारे Website में दी गई चिकित्सा सम्बन्धित जानकारियाँ / Upay / Tarike / Nuskhe केवल जानकारी के लिए है, इनका उपयोग करने से पहले निकट के किसी Doctor से सलाह जरुर लें.

One comment

  1. Raja Raman

    Very nice and true…….

Leave a Reply

Your email address will not be published.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

error: Content is protected !!